मनमोहन सिंह✍️
कोटा खैरा। ग्राम पंचायत खैरा में वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ हवन और नौ-कन्या भोज के पश्चात धन,वैभव,सुख समृद्धि और खुशहाली की कामना करते हुए मां लक्ष्मी सरस्वती और गणेश जी को मंगल आरती के साथ विदाई दी गई।”ऊॅ महालक्ष्मी नमः” की जाप करते हुये 5 दिनों तक दीपों की रोशनी मे माता जगराता के साथ आकर्षक झांकी निकाली गई।

दीपावली के शुभ अवसर पर धनतेरस की शुभ संध्या में राजीव चौक में पारंपरिक मांदर,मंजीरे की धुन पर गाते बजाते हुए कलश यात्रा के साथ शुभ मुहूर्त में रिद्धि,सिद्धि और बुद्धि देने वाली मां लक्ष्मी सरस्वती और गणेश जी की प्रतिमा को पंचामृत और गंगाजल से स्नान करवाकर स्थापित किया गया। मान्यता अनुसार

महालक्ष्मी धन,बुद्धि,सफलता, मंत्र सिद्धि,मोक्ष प्राप्ति की दाता है, योग सिद्धि का आधार है।जो देवी लक्ष्मी के आशीर्वाद के बिना सफल नहीं हो सकता।जिसकी प्रतिदिन सुबह शाम गीत-संगीत के साथ आरती की गई।संध्या आरती के बाद प्रतिदिन माता सेवा और झांकी निकाली जा रही थी।जिसे देखने,सुनने बड़ी संख्या में भक्तों का आना जाना लगा रहा।स्थापना के पांचवें दिवस आचार्य मनोज दुबे द्वारा मंत्रोच्चारण के साथ हवन करते हुए बताया कि हवन हिन्दू धर्म में शुद्धीकरण का एक कर्मकांड है। वेदों में उल्लेख है कि देवताओं को भोजन अग्नि में दी गई आहुतियो से पहुंचता है।वायु प्रदूषण को कम करने के लिए विद्वान ऋषि मुनि यज्ञ किया करते थे। हवन के पश्चात नौ कन्याओं का पैर धोकर तिलक आरती करते हुए कन्या भोज संपन्न किया गया।तत्पश्चात छठवें दिन पारंपरिक गाजे-बजे के साथ विसर्जन यात्रा निकाली गई।पूजा को संपन्न बनाने आत्माराम पोर्ते,बलराम पोर्ते,कैलाश चंद्र पोर्ते, सत्यपाल पोर्ते,अभिमन्यु मरकाम,अमन तिवारी,सुरेन्द्र तिवारी, सरजू प्रसाद पोर्ते, बिट्टू मरावी ,रामरतन मरकाम ,देवराज पोर्ते, सोहन पोर्ते सहित ग्रामीण जुटे रहे।
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