अपराधकोटा न्यूज़छत्तीसगढ़बिलासपुर संभागरमेश भट्ट - एडिटर& चीफ।

सड़क निर्माण के ठेकेदार से मारपीट और बंधक बनाने का आरोप।आमागोहन के ढाबा संचालक पर FIR, पीड़ित ने एस. पी. से लगाई न्याय और सुरक्षा की गुहार।

सड़क निर्माण के ठेकेदार से मारपीट और बंधक बनाने का आरोप।आमागोहन के ढाबा संचालक पर FIR, पीड़ित ने एस. पी. से लगाई न्याय और सुरक्षा की गुहार।

बिलासपुर/कोटा /खोंगसरा। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के अंतर्गत आमागोहन एवं खोंगसरा क्षेत्र के वनग्रामों में सड़क निर्माण का कार्य कर रहे ठेकेदार के साथ मारपीट और कथित रूप से जबरन ढाबे में बैठाकर रखने का मामला सामने आया है। घटना के बाद पीड़ित ठेकेदार ने बेलगहना चौकी में शिकायत दर्ज कराई है। अब पीड़ित द्वारा पुलिस अधीक्षक बिलासपुर के समक्ष उपस्थित होकर निष्पक्ष कार्रवाई और सुरक्षा की मांग किए जाने की बात कही गई है।
पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार, जिला GPM के ठेकेदार PMGSY में ठेकेदारी का कार्य करते हैं। उनका कार्यक्षेत्र आमागोहन और खोंगसरा क्षेत्र के वनग्रामों में सड़क निर्माण से संबंधित है।
पीड़ित के अनुसार, 16 सितंबर 2026 को वह अपने कार्यक्षेत्र खोंगसरा जा रहे थे, तभी रास्ते में राजकुमार केशरवानी उर्फ मोनू ने उन्हें कथित रूप से रोककर मारपीट की। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि इसके बाद उन्हें उनकी सहमति के बिना ढाबे में बैठाकर रखा गया तथा धमकी भी दी गई।

धमकी-‘दोबारा खोंगसरा आए तो जान से मार दूंगा’—शिकायत में आरोप

पीड़ित द्वारा पुलिस को दिए गए आवेदन में आरोप लगाया गया है कि आरोपी ने उसे दोबारा खोंगसरा आने पर जान से मारने की धमकी दी। शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया है कि आरोपी के भाई मोहन केशरवानी द्वारा फोन पर भी धमकी दी गई।
घटना के संबंध में पीड़ित ने 17 सितंबर 2026 को बेलगहना चौकी में शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर पुलिस द्वारा FIR दर्ज की गई है।

BNS की चार धाराओं में मामला।

पुलिस दस्तावेज के अनुसार मामले में BNS की धारा 296, 351(3), 115(2) एवं 127(2) के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है।
शिकायत में घटना को लेकर पीड़ित ने अपनी सुरक्षा को लेकर भी चिंता व्यक्त की है। उसका कहना है कि FIR दर्ज होने के बाद भी उसे धमकियां मिल रही हैं।

पूर्व के मामलों का भी किया गया उल्लेख।

पीड़ित ने अपने आवेदन में आरोपी राजकुमार केशरवानी को लेकर पूर्व में भी आपराधिक गतिविधियों और मामलों में शामिल होने का आरोप लगाया है। शिकायत में अमरकंटक (मध्यप्रदेश) तथा छत्तीसगढ़ में पूर्व प्रकरण होने की बात भी कही गई है।
हालांकि, इन पुराने मामलों की संख्या, धाराएं और वर्तमान स्थिति की स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। इसलिए इन दावों की पुष्टि पुलिस रिकॉर्ड से होना आवश्यक है।
वर्तमान में आरोपी द्वारा आमागोहन में ढाबा संचालित किए जाने की जानकारी शिकायत में सामने आती है। स्थानीय स्तर पर भी उसके विवादों में रहने की बातें कही जा रही हैं, हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि आवश्यक है।
अब SP से न्याय और सुरक्षा की मांग
घटना के बाद पीड़ित ठेकेदार अब पुलिस अधीक्षक, बिलासपुर से मुलाकात कर पूरे मामले की जानकारी देने और निष्पक्ष कार्रवाई की मांग करने जा रहे हैं। साथ ही उन्होंने अपने तथा अपने सहयोगियों की सुरक्षा सुनिश्चित किए जाने की मांग भी की है।
मामला इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि पीड़ित का कहना है कि वह सरकारी योजना PMGSY के तहत वनग्रामों में सड़क निर्माण कार्य कर रहा है और घटना के बाद उसके कार्यक्षेत्र में जाने को लेकर सुरक्षा संबंधी चिंता उत्पन्न हुई है।
अब देखना होगा कि पुलिस अधीक्षक के समक्ष पीड़ित की शिकायत के बाद पुलिस प्रशासन मामले में क्या कार्रवाई करता है और लगाए गए आरोपों की जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं। पीड़ित ने एस. डी. ओपी कोटा से भी बात कर मदद मांगी है।

Youtube Channel

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!