ग्रामीण क्षेत्र के शासकीय भूमि पर शहरी भु-माफियाओं का कब्जा,

मस्तूरी -थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत भनेसर (जयरामनगर) के सरकारी जमीन पर शहरी भूमाफियाओं की नजर पड़ने से वहाँ वर्षो से कब्जा कर निवासरत ग्रामीणों को निजी जमीन बताकर उक्त भूमि से खड़ेने लगातार बना रहे दबाव

मिली जानकारी के अनुसार जयरामनगर रेलवे फाटक के आगे भिलाई रोड में स्थित 110/1,2,3,4 नंबर की सभी भूमि सरकारी रिकॉर्ड में ऑनलाइन शासकीय भूमि प्रदर्शित हो रही है। वही उक्त भूमि पर भनेसर के कुछ ग्रामीण 20,30 वर्षो से बेजाकब्जाकर निवासरत है।कुछ ग्रामीण उस भूमि में पक्का का मकान बना अपना जीवन यापन भी कर रहे है।शासन दुवारा उक्त भूमि को शासकीय भूमि बताकर बेजाकब्जा धरियो से वर्षों से लगातार पेशी के ऊपर पेशी भी लिया जा रहा है। बाकायदा एक कब्जाधारी को 1995 का शासन दुवारा पट्टा भी जारी कर दिया गया है।
20,30 वर्ष उक्त भूमि में गुजर बसर करने के बाद कुछ शहरी भूमाफियाओं के दुवारा उक्त जमीन को निजी भूमि बताकर इतने वर्षों से गुजारा कर रहे ग्रामीणों को धमकी चमकी लगाकर उस भूमि से बेदखल करने का प्रयास किया जा रहा है।जिससे उस भूमि पर निवास कर रहे ग्रामीणों की रहने रोजगार की समस्या आन पड़ी है।
ग्रामीणों ने बताया कि जब 30 वर्ष पहले इस जमीन में छोटी सी झोपड़ी बना निवास कर रहे थे तब उसे रोकने कोई नही आया अब
उसके बाद परिवार बढ़ने के बाद पक्के का मकान बना लिया जिसमे सामने शटर दरवाज खोल ऑटो सेंटर का दुकान खोल लिया तब हल्का नम्बर 22 के पटवारी दुवारा 2015 में खसरा नम्बर 110/1 उक्त जमीन में किये अवैध पक्के की मकान निर्माण के एवज में शासन के अनुरूप अर्थदंड के रूप में तहसील मस्तूरी में 10000 हजार की अर्थदंड किया गया जिससे उक्त भूमि कब्जाधारी नत्थूराम पिता भुखाऊ ने उस अर्थदंड को शासन के दिये गए समय मे पटाया भी लेकिन कुछ दिनों से बिलासपुर से कुछ जमीन माफियाओ की नजर उस जमीन पर पड़ी है।जिससे निजी जमीन बताकर उक्त कब्जाधारियों को भगाने धमकी का सहारा लेकर डरा धमका रहे है।वहा निवासरत ग्रामीणों ने शासन के नियम अनुरूप उस जमीन की पट्टे की मांग कर रहे है वही उस भूमि से बेदखल न करने की अपील कर रहे है।






