आयुष विश्वविद्यालय के प्रबंधन बोर्ड में डॉ. धर्मेंद्र दास को मिली बड़ी जिम्मेदारी,सदस्य नामांकित होने पर स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल का जताया आभार।


आयुष विश्वविद्यालय के प्रबंधन बोर्ड में डॉ. धर्मेंद्र दास को मिली बड़ी जिम्मेदारी,सदस्य नामांकित होने पर स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल का जताया आभार।
बिलासपुर। पं. दीनदयाल उपाध्याय स्मृति स्वास्थ्य विज्ञान एवं आयुष विश्वविद्यालय के प्रबंधन बोर्ड में डॉ. धर्मेंद्र दास को सदस्य नामांकित किया गया है। छत्तीसगढ़ शासन के चिकित्सा शिक्षा विभाग द्वारा जारी आदेश के तहत विश्वविद्यालय अधिनियम क्रमांक 21/2008 की धारा 19(2) के अंतर्गत प्रबंधन बोर्ड के लिए तीन सदस्यों का नामांकन किया गया है। इसी क्रम में डॉ. धर्मेंद्र दास को भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है।

नई जिम्मेदारी मिलने के बाद डॉ. धर्मेंद्र दास ने छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि मंत्री द्वारा उन पर जो विश्वास जताया गया है, उस विश्वास पर खरा उतरने के लिए वे पूरी निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण के साथ कार्य करेंगे।
डॉ. धर्मेंद्र दास ने कहा, “मुझे जो महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई है, उसके लिए मैं माननीय स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल जी का हृदय से आभार व्यक्त करता हूं। उन्होंने मुझ पर जो विश्वास जताया है, मैं उस विश्वास पर खरा उतरने का पूरी निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण के साथ प्रयास करूंगा। विश्वविद्यालय एवं प्रदेश के चिकित्सा और स्वास्थ्य क्षेत्र के हित में अपनी जिम्मेदारी का पूरी प्रतिबद्धता के साथ निर्वहन करना मेरा प्रयास रहेगा।”
चिकित्सा एवं सामाजिक क्षेत्र में सक्रिय
डॉ. धर्मेंद्र दास चिकित्सा के साथ-साथ सामाजिक क्षेत्र में भी सक्रिय रहे हैं। वे स्वशासी समिति, शासकीय सुपर स्पेशलिटी अस्पताल के सदस्य भी हैं। ऐसे में आयुष विश्वविद्यालय के प्रबंधन बोर्ड में उनका नामांकन चिकित्सा, स्वास्थ्य एवं शैक्षणिक क्षेत्र से जुड़े लोगों के बीच चर्चा का विषय बना है। स्थानीय स्तर पर इसे बिलासपुर के चिकित्सा एवं शैक्षणिक क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण जिम्मेदारी के रूप में देखा जा रहा है।
जिम्मेदारी को बताया सम्मान के साथ बड़ा दायित्व
डॉ. धर्मेंद्र दास ने कहा कि विश्वविद्यालय के प्रबंधन बोर्ड में सदस्य के रूप में मिली जिम्मेदारी उनके लिए सम्मान के साथ-साथ एक महत्वपूर्ण दायित्व भी है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय की कार्यप्रणाली, चिकित्सा शिक्षा तथा प्रदेश के स्वास्थ्य क्षेत्र के हित में जो भी जिम्मेदारी मिलेगी, उसका गंभीरता और प्रतिबद्धता के साथ निर्वहन करने का प्रयास किया जाएगा।







